Skip to main content

कश्मीर में घुसपैठ के नए रास्ते ढूंढ रहे हैं आतंकी, पहली बार द्रास में नियंत्रण रेखा पर मिले लॉन्च पैड, इंटेलिजेंस के मुताबिक 4 आतंकी यहां से घुसपैठ कर चुके हैं

पाकिस्तान से सटी नियंत्रण रेखा और अंतरराष्ट्रीय सीमा पर मौजूद आतंकवादी भारत में घुसपैठ के नए रूट्स ढूंढ रहे हैं। सुरक्षाबलों की ताजा इंटेलिजेंस रिपोर्ट के मुताबिक, नए इंफिलट्रेशन रूट्स ढूंढने के अलावा लॉन्च पैड पर मौजूद आतंकियों की संख्या में कमी आई है। भास्कर के पास इंटेलिजेंस की वो रिपोर्ट हाथ लगी है जिसमें आतंकी घुसपैठ और लॉन्च पैड से जुड़ी पूरी जानकारी है।

अप्रैल 2020 में 465 आतंकी जम्मू कश्मीर के अलग-अलग सेक्टर से सटी सरहदों के उस पार मौजूद थे। जबकि मई में इनकी संख्या 9 फीसदीघटकर 428 हो गई है।पिछले साल मई में यहसंख्या 439 थी, यानी पिछले साल के मुकाबले इस साल घुसपैठ की फिराक में मौजूद आतंकी कम हुए हैं।

द्रास सेक्टर का दोमेल आतंकवादियों के नए लॉन्च पैड के तौर पर सामने आया है। इंटेलिजेंस के मुताबिक, हिजबुल मुजाहिद्दीन के 16 आतंकी पीओके से दोमेल में घुसपैठ की प्लानिंग कर रहे थे। इनपुट के मुताबिक, 4 आतंकी घुसपैठ कर भी चुके हैं।

इंटेलिजेंस के मुताबिकपीओके से दोमेल में चार आतंकी घुसपैठ कर चुके हैं।

कश्मीर इलाके में केरन, तंगधार और माच्छिल सेक्टर और जम्मू के पुंछ, भिंबर गली और कृष्णाघाटी लंबे वक्त से आतंकवादियों के लिए घुसपैठ के रास्ते रहे हैं। हालांकि, पिछले महीने पीर पंजाल रेंज की भिंबरगली में आतंकवादियों के मूवमेंट और मौजूदगी में खासी कमी देखी गई है। इसी सेक्टर के सामने लश्कर के 45 आतंकियों का मूवमेंट मई में देखा गया था। जबकि अप्रैल में यहां 80 आतंकी मौजूद थे।

वहीं कृष्णाघाटी सेक्टर में अप्रैल में 68 आतंकियों की मौजूदगी की जानकारी मिली थी जो मई में घटकर 37 रह गई है। इंटेलिजेंस रिपोर्ट के मुताबिक, यह दोनों इलाके (भिंबरगली और कृष्णा घाटी सेक्टर) में बैट हमले औरआईईडी प्लान्टिंग की आशंका जताई गई है। अखनूर सेक्टर में जैश के तीन आतंकियों को लॉन्च पैड पर देखा गया है। ये आतंकी पाक रेंजर्स की मदद से घुसपैठ की कोशिश कर रहे थे।

नौगाम सेक्टर में पिछले महीने 6 आतंकी देखे गए थे, जोबढ़कर 12 हो गए हैं।

गुरेज सेक्टर में अप्रैल में 31 और मई में 47, माच्छिल में अप्रैल में 70 और मई में 47 आतंकी मौजूद थे। हर इलाके में जहां आतंकियों के मूवमेंट में कमी आई है, वहीं केरन सेक्टर में लॉन्च पैड पर आतंकवादी बढ़े हैं। केरनमें अप्रैल में 43 आतंकी थे जो मई में बढ़कर 73 हो गए।

नौगाम सेक्टर में पिछले महीने 6 आतंकी देखे गए थे जोबढ़कर 12 हो गए, उरीमें जैश, हिजबुल के 34 आतंकी लॉन्च पैड पर थे जो बढ़कर 30 हो गए। वहीं पुंछ में लश्कर और हिजबुल के 62 आतंकी सीमा पार मौजूद लॉन्च पैड पर दिखाई दिए हैं।

जनवरी से लेकर अभी तक कश्मीर में 125 से ज्यादा आतंकी मारे गए हैं।

इंटेलिजेंस रिपोर्ट की मानें तो आतंकी अपनी स्ट्रैटेजी में बदलाव कर घुसपैठ के नए रास्ते तैयार कर रहे हैं। कश्मीर में 125 से ज्यादा आतंकवादी जनवरी से लेकर अब तक अलग-अलग ऑपरेशन में मारे गए हैं। जिसके चलते आतंकी संगठन कश्मीर में घुसपैठ करवाने की नई तरकीब खोज रहे हैं।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Terrorists are looking for new routes of infiltration in Kashmir through launch pad.


https://ift.tt/3g41Qva

Comments

Popular Posts

रणजी ट्रॉफी में 600 से ज्यादा विकेट लेने वाले इकलौते गेंदबाज राजिंदर गोयल नहीं रहे, भारत के लिए एक भी मैच नहीं खेले

रणजी ट्रॉफी में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले राजिंदर गोयल का रविवार को बीमारी के बाद निधन हो गया। 77 साल के बाएं हाथ के स्पिनर राजिंदर ने रणजी में 637 विकेट लिए। अब तक कोई दूसरा गेंदबाज 600+ विकेट नहीं ले सका।बीसीसीआई के अलावा कई पूर्व क्रिकेटरों ने उनकी मौत पर दुख जताया। बोर्ड अध्यक्ष सौरव गांगुली ने कहा, ‘‘हमने घरेलू क्रिकेट के दिग्गज को खो दिया। उनका रिकॉर्ड बताता है कि वे कितने शानदार गेंदबाज थे। वे 25 साल से ज्यादा क्रिकेट खेले। इससे पता चलता है कि खेल के लिए उनका समर्पण कितना ज्यादा था।’’ BCCI mourns the sad demise of Shri Rajinder Goel. https://t.co/DeGS2mvsXI pic.twitter.com/2v6EwfTKXy — BCCI (@BCCI) June 21, 2020 उन्होंने रणजी के एक सीजन में 15 बार 25+ विकेट लिए। हरियाणा के राजिंदर ने 157 मैच में 750 विकेट लिए। एक पारी में 55 रन देकर 8 विकेट उनका बेस्ट रहा। उन्होंने 59 बार 5 विकेट और 18 बार 10 विकेट लेने का कारनामा किया। उन्होंने 1037 रन भी बनाए। वे भारत के लिए एक बार भी नहीं खेले वे पटियाला, पंजाब और दिल्ली से भी खेले। हालांकि, उन्हें इंटरनेशनल क्रिकेट खेलने का मौका...