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ट्रम्प स्कूल खोलने के लिए बोले तो शिक्षकों ने दी हड़ताल की चेतावनी, कहा- स्कूल बंद रहें

अमेरिका में 70% शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि अगर कोरोना काल के दौरान स्कूल खोले गए तो वे हड़ताल पर चले जाएंगे। ये सभी विभिन्न शिक्षक संगठनों के सदस्य हैं। इन संगठनों ने बयान जारी कर हड़ताल की चेतावनी की पुष्टि की है। ऐसा तब हो रहा है, जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प स्कूल खोलने पर जोर दे रहे हैं।

अमेरिकन फेडरेशन ऑफ टीचर्स के अध्यक्ष रैंडी वेनगार्टन ने कहा कि स्कूलों में कोरोना की रोकथाम के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं है। ज्यादातर कक्षाओं में वेंटिलेशन नहीं हैं। मास्क भी कम पड़ रहे हैं। शिक्षकों की मांग है कि ऑनलाइन पढ़ाई भी सीमित की जाना चाहिए।

उधर, एक संगठन ने स्कूल खोलने के आदेश के खिलाफ फ्लोरिडा के गवर्नर रॉन डीसैंटिस पर मुकदमा कर दिया है। जबकि जन शिक्षा केंद्र के प्रमुख रॉबिन लेक ने कहा कि पूरे मामले में बच्चों को मोहरा बनाकर इस्तेमाल किया जा रहा है। इसी महीने हुए सर्वे में 60% अभिभावकों ने शिक्षकों की मांग का समर्थन किया है। अमेरिका में कोरोना के अब तक 45,68,375 मरीज मिले हैं। जबकि 1,53,848 मौतें हुई हैं।

ऑस्ट्रेलिया: विक्टोरिया राज्य में 723 नए मरीज, इतने देशभर में भी एक दिन में नहीं आए; मेलबर्न में सख्ती

ऑस्ट्रेलिया में विक्टोरिया राज्य कोरोना का सबसे बड़ा हॉट स्पॉट बन गया है। यहां 24 घंटे में 723 नए मरीज मिले हैं। यह सिर्फ एक राज्य का नहीं, पूरे ऑस्ट्रेलिया का एक दिन के मरीजों का सबसे बड़ा आंकड़ा है। विक्टोरिया के मुख्यमंत्री डेनियल एंड्रयू ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि मेलबर्न में बेहद गंभीर हालात होते जा रहे हैं। ऐसे में हमें हर दिन नए-नए इलाकों में सख्त लॉकडाउन करना पड़ रहा है।

दुनिया: इटली में 15 अक्टूबर तक इमरजेंसी बढ़ाई, उत्तर कोरिया में 696 लोगों को क्वारैंटाइन में भेजा

इटली ने 15 अक्टूबर तक स्टेट इमरजेंसी बढ़ा दी है। इटली में 31 जनवरी से स्टेट इमरजेंसी लागू है। यह इस महीने खत्म होने वाली थी। यहां अब तक 2,46,776 मरीज मिले हैं। जबकि 35,129 मौतें हुई हैं। उधर, डब्ल्यूएचओ ने कहा है कि उत्तर कोरिया में अब तक 1211 लोगों का कोरोना टेस्ट किया गया है। इनमें से कोई संक्रमित नहीं मिला है। यहां अभी 696 नागरिक क्वारैंटाइन में रखे गए हैं।

- न्यूयॉर्क टाइम्स से विशेष अनुबंध के तहत



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फोटो अमेरिका के साल्ट लेक सिटी की है। यहां के स्कूलों में प्रदर्शन चल रहे हैं।


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आठ महीनों में एक हजार से ज्यादा घंटे कोरोना मरीजों के बीच बिताए, फिर भी संक्रमण से सुरक्षित

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