Skip to main content

किसान आंदोलन में खालिस्तान के समर्थन का आरोप, भिंडरावाला की तारीफ करने वाली किताबें बांटी गईं

कृषि कानूनों के विरोध में दिल्ली में चल रहे किसान आंदोलन को 43 दिन बीत चुके हैं। सरकार और किसान संगठनों के बीच हुई नौ दौर की बातचीत बेनतीजा ही रही है। लेकिन, इन सबके बीच किसान आंदोलन पर विवादों का साया भी बढ़ता जा रहा है। आरोप लग रहे हैं कि इसमें खालिस्तान मूवमेंट से जुड़े कई संगठन एक्टिव हैं जो आंदोलन के बहाने अलगाववादी एजेंडे को बढ़ा रहे हैं। हालांकि, किसान नेता ऐसे आरोपों को भाजपा और केंद्र सरकार की साजिश बता रहे हैं।

पगड़ी वितरण कार्यक्रम में खालिस्तानी साहित्य
सिंघु बॉर्डर पर बुधवार को मुफ्त पगड़ी वितरण कार्यक्रम किया गया। इसमें आंदोलन में शामिल पंजाब के किसानों को दस्तार बांधी जानी थी। लेकिन, इसके साथ ही वहां लगे बुक स्टॉल से ऑपरेशन ब्लू स्टार में मारे गए जरनैल सिंह भिंडरावाला और पंजाब में अलगाववाद का समर्थन करने वाले उनके साथियों का महिमामंडन करने वाली किताब शहीद-ए-खालिस्तान भी बांटी गईं।

पंजाबी सिंगर दीप सिद्धू को शहीद ए खालिस्तान बुक देते हुए सिख यूथ फेडरेशन भिंडरावाला के उपाध्यक्ष रंजीत सिंह दमदमी टकसाल।

इस कार्यक्रम में सामान्य किसानों के अलावा पंजाब के कुछ लोकप्रिय और बौद्धिक चेहरे भी मौजूद रहे। जरनैल सिंह भिंडरावाला पर लिखी किताब शहीद-ए-खालिस्तान पंजाबी सिंगर दीप सिद्धू और आंदोलन के समर्थन में आए सिख स्कॉलर सुखप्रीत सिंह उधोके को भी दी गई। सिंगर दीप सिद्धू पर भी किसान आंदोलन की आड़ में खालिस्तान का समर्थन करने के आरोप लग रहे हैं।

मुफ्त पगड़ी वितरण कार्यक्रम का आयोजन सिख यूथ फेडरेशन भिंडरावाला नाम के संगठन ने किया था। कार्यक्रम के मुख्य कर्ता-धर्ता रंजीत सिंह थे। रंजीत शुरू से ही किसान आंदोलन से जुड़े हैं। लेकिन, उनका बैकग्राउंड खालिस्तानी संगठनों के साथ सहानुभूति रखने वाला रहा है। रंजीत सिंह दल खालसा से जुड़े हुए हैं और स्वर्ण मंदिर में खालिस्तान के पोस्टर और बैनर लहरा चुके हैं।

पंजाबी सिंगर वीडियो में पीएम मोदी को धमकी देता दिख रहा है
पंजाबी सिंगर प्रीत हरपाल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। जिसमें वह पीएम मोदी को संबोधित करते हुए कह रहा है कि मेरी एक विनती है कि आप सुबह-शाम जो पूजा-पाठ करते हैं, उसमें आप ये अरदास जरूर करें कि खालिस्तानियों से आपका पाला न पड़े। जिनका उनके साथ पाला पड़ा है उनकी साल छह महीने बाद श्रद्धांजलियां ही होती हैं। फोटो पर फूल-मालाएं डालकर। इसलिए मेरी विनती है कि खालिस्तानियों से पाला ना पड़े, तुम किसानों तक ही सीमित रहो। ये वीडियो सिख यूथ फेडरेशन भिंडरावाला ने अपने सोशल मीडिया पेज पर भी डाला है।

किसान मोर्चा के मंच से भाषण देते हुए सिख यूथ फेडरेशन भिंडरावाला के उपाध्यक्ष रंजीत सिंह।

किसान नेताओं ने कन्नी काटी
आंदोलन में खालिस्तानी मूवमेंट से जुड़े लोगों की सक्रियता के सवाल पर किसान संगठनों के नेता साफ बोलने से बच रहे हैं। मध्य प्रदेश के किसान नेता शिव कुमार कक्का ने कहा कि उनकी नजर में तो ऐसा कुछ नहीं आया है। यह केंद्र सरकार की आंदोलन को बदनाम करने की साजिश है। किसान नेता जगदीप सिंह ओलख ने कहा कि अगर ऐसा कुछ हुआ है तो ऐसे लोग किसान आंदोलन से हटाए जाएंगे। इस बारे में खालिस्तानी साहित्य बांटने के आरोपी रंजीत सिंह को भी फोन लगाया गया। लेकिन उन्होंने बाद में बात करने के लिए कहकर फोन काट दिया।

किसान नेता खालिस्तानी साहित्य बांटने से कोई लेना-देना नहीं होने की बात कह कर पल्ला झाड़ रहे हैं। लेकिन, सिंघु बॉर्डर पर लगे किसान मोर्चा के मंच पर रंजीत सिंह भाषण देते हुए नजर आ रहा है। जबकि, इस मंच पर किसान नेताओं की अनुमति के बिना कोई नहीं बोल सकता है।

किसान आंदोलन में शामिल सिख स्कॉलर सुखप्रीत सिंह उधोके को खालिस्तानी जरनैल बुक देते हुए रंजीत सिंह।

दिल्ली भाजपा ने कार्रवाई की मांग की

किसान आंदोलन में खालिस्तानी साहित्य बांटने वालों के खिलाफ दिल्ली भाजपा प्रवक्ता तजिंदरपाल सिंह बग्गा ने गृहमंत्री अमित शाह, गृह राज्यमंत्री जी किशन रेड्डी और दिल्ली पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग की है। सोशल मीडिया पर कार्यक्रम की फोटो टैग करते हुए बग्गा ने लिखा कि लोग किसान आंदोलन में खालिस्तानी साहित्य बांट रहे है उन्हें तुरंत गिरफ्तार किया जाना चाहिए।



आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
सिंघु बॉर्डर पर सिख यूथ फेडरेशन भिंडरावाला नाम के संगठन ने बुक स्टाल लगाया, जिस पर खालिस्तानी साहित्य बांटा जा रहा था।


https://ift.tt/2JY6jVP

Comments

Popular Posts

हॉटस्पॉट न्यूयॉर्क में 83 दिन के बाद काम पर लौटेंगे 4 लाख लोग, चर्च भी खुला मगर 10 से ज्यादा लोगों को इकट्ठा होने की अनुमति नहीं

अमेरिका में कोरोना से सबसे ज्यादा प्रभावित न्यूयॉर्क सिटी में 8 जून से लॉकडाउन खुल जाएगा। करीब 4 लाख कर्मचारी 83 दिन के बाद काम पर लौट सकेंगे। न्यूयॉर्क के गवर्नर एंड्रयू क्यूमो ने इसकी घोषणा की है। न्यूयॉर्क सिटी 15 मार्च से बंद है। इस महीने की शुरुआत में न्यूयॉर्क राज्य के ज्यादातर क्षेत्रों में लॉकडाउन में ढील दी गई थी, लेकिन न्यूयॉर्क सिटी में नहीं दी गई थी। गवर्नर क्यूमो ने कहा है कि न्यूयॉर्क सिटी में अलग-अलग चरणों में लॉकडाउन में ढील दी जाएगी। पहले चरण में निर्माण कार्य, उत्पादन और माल की थोक आपूर्ति की अनुमति दी जा रही है। लोग कृषि, वानिकी और मछली पालन के कार्य दोबारा शुरू कर सकेंगे। न्यूयॉर्क के अन्य 5 क्षेत्र लॉकडाउन में छूट के दूसरे चरण में खोले जाएंगे। इसके तहत रियल एस्टेट सर्विस, खुदरा दुकानें और कुछ हेयर सैलून खोलने की अनुमति होगी। अमेरिका में 17.99 लाख से ज्यादा मरीज और एक लाख से ज्यादा मौतें हुई हैं। न्यूयॉर्क सिटी में 1.99 लाख केस और 20,000 मौतें हुई हैं। टकराव: अमेरिका ने चीनी छात्रों को आने से रोका; चीन बोला- यह नस्लवाद है राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने पीपुल्स लि...

​​​​​​​पूछताछ में दीपिका रोईं तो अधिकारियों ने जोड़े हाथ; सेना ने एलएसी के पास तैनात किए टैंक; राजस्थान में हिंसक हुई आरक्षण की मांग

देश में कोरोना के हालात अब बदल रहे हैं। पिछले नौ दिनों में आठ बार ऐसा हुआ, जब नए संक्रमितों से ज्यादा संख्या ठीक होने वाले मरीजों की थी। वहीं, मन की बात में प्रधानमंत्री मोदी ने दोहराया कि नए किसान बिल से किसानों को फायदा होगा। उन्हें जहां अच्छे दाम मिलेंगे वहीं फल-सब्जियां बेच सकेंगे। बहरहाल, चलिए शुरू करते हैं मॉर्निंग न्यूज ब्रीफ। आज इन 5 इवेंट्स पर रहेगी नजर 1. आज रॉयल चैलेंजर बेंगलुरु और मुंबई इंडियंस आमने-सामने होंगे। टॉस शाम 7 बजे होगा। मैच साढ़े 7 बजे शुरू होगा। 2. कंगना रनोट का ऑफिस बीएमसी द्वारा तोड़े जाने के मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट में आज सुनवाई होगी। 3. आज रायपुर में लॉकडाउन को लेकर आ सकता है नया फरमान। वजह है छत्तीसगढ़ में संक्रमितों का आंकड़ा 1 लाख पार हो जाना। 4. राजस्थान में आज पहले चरण का पंचायत चुनाव होगा। इसमें 26 जिलों की 1003 पंचायतों के लिए चुनाव होगा। 5. भाजपा कृषि बिल के समर्थन में चंडीगढ़ में एक बड़ी ट्रैक्टर रैली निकालेगी। वहीं, कांग्रेस किसान विधेयक के विरोध में उत्तर प्रदेश में मार्च निकालेगी। अब कल की 6 महत्वपूर्ण खबरें 1. ड्रग्स केस में पूछता...